रोहित की बड़ी कामयाबी  मेनचेस्टर  का सूखा तोडा   खास सूची में हुए शामिल

भारत ने इंग्लैंड को तीसरे और निर्णायक वनडे में 5 विकेट से धूल चटाते हुए ना सिर्फ मैनचेस्टर में 39 साल के जीत के सूखे को खत्म किया, बल्कि 8 साल बाद इंग्लैंड को उसी की सरजमीं पर 2-1 से सीरीज भी हराई।

भारत की इस जीत के हीरो विकेट कीपर बल्लेबाज ऋषभ पंत और हरफनमौला हार्दिक पांड्या रहे। मेजबानों ने पहले बल्लेबाजी करते हुए भारत के सामने 260 रनों का लक्ष्य रखा था, इस स्कोर को टीम इंडिया ने 42.1 ओवर में ही हासिल कर लिया।

इंग्लैंड के खिलाफ इस मैच से पहले भारत ने मैनचेस्टर में मेजबानों के खिलाफ चार मुकाबले खेले थे जिसमें टीम को तीन बार हार का सामना करना पड़ा था।

टीम इंडिया को एकमात्र जीत वर्ल्ड कप विजेता कप्तान कपिल देव ने 1983 में दिलाई थी। इसके बाद कोई कप्तान इस मैदान पर भारत को नहीं जिता पाया था, मगर अब 39 साल का सूखा खत्म कर रोहित शर्मा ने यह कारनामा कर दिखाया है। 

टीम इंडिया इससे पहले सिर्फ तीन बार इंग्लैंड को उसी की सरजमीं पर वनडे सीरीज में मात देनें में कामयाब रही थी, वहीं 2014 के बाद भारत पहली बार मेजबानों को उन्हीं के घर पर धूल चटाने में कामयाब रहा है।

रोहित इंग्लैंड को इंग्लैंड में वनडे सीरीज में हराने वाले चौथे भारतीय कप्तान बने हैं। सबसे पहले कपिल देव ने 1986, मोहम्मद अजहरुद्दीन ने 1990 और एमएस धोनी ने 2014 में ऐसा किया था।

बात मुकाबले की करें तो रोहित शर्मा ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी चुनी थी। मेजबानों को 259 रनों पर समेटकर गेंदबाजों ने अपना काम कर दिया था, मगर लॉर्ड्स की तरह एक बार फिर भारतीय टॉप ऑर्डर मैनचेस्टर में भी फेल हुआ। शिखर धवन 1 तो रोहित-कोहली 17-17 रन बनाकर आउट हुए,

वहीं सूर्यकुमार यादव भी 16 रन बना पाए। भारत ने 72 रन पर अपने 4 विकेट खो दिए थे, उस समय ऐसा लगने लगा था कि एक बार फिर टीम इंडिया को बल्लेबाजी में गहराई ना होने का नुकसान झेलना पड़ेगा, मगर पंत और हार्दिक ने ऐसा नहीं होने दिया। 

6ठें नंबर पर बल्लेबाजी करने आए हार्दिक पांड्या ने ऋषभ पंत के साथ मिलेकर 5वें विकेट के लिए 133 रनों की साझेदारी कर इंग्लैंड के मुंह से मैच छीन लिया। हार्दिक 71 रन बनाकर आउट हुए,

मगर दूसरे छोर पर मौजूद पंत शतक ठोकने के मूड में थे। पंत ने 106 गेंदों पर वनडे करियर का पहला शतक जड़ा। इसके बाद भारतीय विकेट कीपर अधिक आक्रामक रूप में दिखा। डेविड विली के एक ओवर में उन्होंने 5 चौके जड़ दिए, वहीं 43वां ओवर लेकर आए जो रूट की पहली गेंद पर रिवर्स स्वीप लगाकर उन्होंने अपने ही अंदाज में मैच का अंत किया।